मार्च का महीना अपने अंतिम दौर में है. आपको रुपए-पैसे से जुड़े कई काम 31 मार्च से पहले पूरा करना जरूरी है. अगर आप ये काम वित्त वर्ष खत्म होने से पहले पूरा नहीं करते हैं तो आपको पेनल्टी चुकानी पड़ सकती है. आज हम आपको इससे जुड़ी कुछ जानकारी देने जा रहे हैं आप कैसे इन काम को करके 50 प्रतिशत एक्स्ट्रा टैक्स भरने से बच सकते हैं.
आयकर विभाग की एडवाइजरी
आज आयकर विभाग ने एक एडवाइजरी जारी कर टैक्सपेयर से आग्रह किया है कि वे 31 मार्च, 2025 से पहले कम पैनेल्टी और अतिरिक्त वित्तीय बोझ को कम करने के लिए अपना अपटेडेट इनकम टैक्स रिटर्न ( आईटीआर-यू ) तुरंत दाखिल करें. अपडेटेड इनकम टैक्स रिटर्न दाखिल करने से टैक्स देने वालों को स्वेच्छा से किसी भी अघोषित आय का खुलासा करने या पहले से दाखिल रिटर्न में गलती को ठीक करने की इजाजत मिलती है.
4.64 लाख अपडेटेड आईटीआर दाखिल किए गए हैं
वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने लोकसभा में एक लिखित जवाब में बताया कि चालू आकलन वर्ष (2024-25) में 28 फरवरी तक 4.64 लाख अपडेटेड आईटीआर दाखिल किए गए हैं और 431.20 करोड़ रुपए का कर चुकाया गया है. वर्ष 2023-24 में 29.79 लाख से अधिक आईटीआर-यू दाखिल किए गए और 2,947 करोड़ रुपए अतिरिक्त कर चुकाए गए.
अपडेटेड रिटर्न
अपडेटेड रिटर्न (ITR-U) किसी भी करदाता द्वारा दाखिल किया जा सकता है, जिसमें व्यक्ति, व्यवसाय या अन्य संस्थाएं शामिल हैं. आयकर विभाग ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया X पर किया कि अभी ITR-U दाखिल करना = 25% अतिरिक्त टैक्स + ब्याज. 31 मार्च, 2025 के बाद दाखिल करना = 50% अतिरिक्त टैक्स + ब्याज. कृपया आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 139(8A) के प्रावधानों के अनुसार आयकर का अपडेटेड रिटर्न दाखिल करें. 25% अतिरिक्त टैक्स और ब्याज पर कम लाभ उठाने के लिए 31 मार्च, 2025 तक दाखिल करें.
क्या होता है अपडेटेड रिटर्न?
अगर किसी टैक्सपेयर से आईटीआर फाइल करते हुए कोई डिटेल छूट गई है या रिटर्न फाइल करते समय कोई गलती हो गई है, तो वो उसे सुधार कर फिर से फाइल करने के लिए अपडेटेड आईटीआर फाइल कर सकते हैं.